
बीकानेर, 22 मई। स्वामी केशवानंद राजस्थान कृषि विश्वविद्यालय के निदेशक अनुसंधान कार्यालय सभागार में शुक्रवार को अतिरिक्त निदेशक कृषि (विस्तार) त्रिलोक कुमार जोशी की अध्यक्षता में कृषि विभाग की मासिक तकनीकी कार्यशाला एवं खण्डीय समीक्षा बैठक हाइब्रिड मोड में आयोजित की गई। बैठक में बीकानेर जोन-1सी जैसलमेर व चुरू के अधिकारियों ने ऑनलाइन एवं बीकानेर मुख्यालय के अधिकारियों ने ऑफलाइन भाग लिया।
बैठक में खरीफ मौसम की तैयारियों, बीज एवं उर्वरक वितरण, हरियालो राजस्थान, वन्दे गंगा, विभागीय योजनाओं की प्रगति पर विस्तृत समीक्षा की गई। तकनीकी सत्र में कृषि वैज्ञानिकों ने खरीफ फसलों बाजरा, मूंग, उड़द एवं तिलहन फसलों की उन्नत खेती, बीजोपचार, पोषण प्रबंधन तथा कीट नियंत्रण विषयों पर पावर पॉइंट प्रस्तुति के माध्यम से विस्तृत जानकारी दी। क्षेत्रीय अनुसंधान निदेशक डॉ. एस. आर. यादव की अध्यक्षता में आयोजित तकनीकी सत्र में वैज्ञानिकों डॉ. भंवर देवी सिंह नाथावत, डॉ. एच.एल. देशवाल, डॉ. राजेंद्र राठौड़ एवं डॉ. पी.एस. शेखावत ने कृषि एवं उद्यानिकी तकनीकों पर विस्तार से चर्चा की। कृषि विभाग बीकानेर की प्रगति रिपोर्ट सुरेन्द्र मारू, जैसलमेर की प्रदीप चौधरी, चूरू की मोतीलाल सैनी ने प्रस्तुत की।
उद्यान विभाग की विस्तृत प्रगति रिपोर्ट पावर पाइंट प्रजेंटेशन के माध्यम से सहायक निदेशक उद्यान मुकेश गहलोत ने प्रस्तुत किया।
अतिरिक्त निदेशक श्री जोशी ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि फार्मर आईडी निर्माण कार्य को प्राथमिकता देते हुए अधिकाधिक किसानों को इससे जोड़ा जाए तथा किसानों को फार्मर आईडी बनाने हेतु प्रोत्साहित किया जाए आने वाले समय में फार्मर आईडी से किसानों को उर्वरक मिलेगा।
उन्होंने उर्वरकों का वितरण निर्धारित मानकों के अनुरूप सुनिश्चित करने हेतु निर्देश दिए। जैविक उर्वरकों के उपयोग को बढ़ावा देने के साथ जैविक व प्राकृतिक खेती पर जोर देने हेतु निर्देश दिए। डीएपी के विकल्प के रूप में एसएसपी व यूरिया तथा अन्य उर्वरक के उपयोग को बढ़ावा दिया जावें।
पेस्टीसाइड, उर्वरक एवं बीज नमूनों की गुणवत्ता जांच के लिए लक्ष्य अनुसार सैंपलिंग करने और नॉन-स्टैंडर्ड नमूने मिलने पर संबंधित फर्मों के खिलाफ तत्काल कानूनी कार्रवाई एवं कोर्ट केस दर्ज कराने के निर्देश भी दिए।
बैठक में “हरियालो राजस्थान” अभियान की प्रगति की समीक्षा करते हुए श्री जोशी ने कहा कि कृषि एवं उद्यानिकी विभाग को 58 हजार पौधरोपण का लक्ष्य प्राप्त हुआ है, जिसे शत-प्रतिशत पूरा करने के लिए सभी अधिकारी सक्रियता से कार्य करें। उन्होंने पौधरोपण के साथ-साथ उनके संरक्षण और नियमित मॉनिटरिंग पर भी जोर दिया।
बैठक में उपनिदेशक उद्यान अनुसंधान एटीसी प्रेमाराम, उपनिदेशक कृषि जयदीप दोगने, पी डी आत्मा बी.एल. डाबला, कृषि विभागीय अधिकारी राजेश गोदारा, कविता गुप्ता, संगीता मेहता, विनोद सहित विभागीय अधिकारी एवं खण्ड स्तरीय अधिकारी उपस्थित रहे। बैठक का वर्चुअल संचालन सहायक निदेशक सुभाष बिश्नोई एवं कृषि अधिकारी रमेश भांभू ने किया।