
जयपुर। भारत-नेपाल की सांस्कृतिक एवं सामाजिक मैत्री को वैश्विक स्तर पर सुदृढ़ करने के उद्देश्य से कार्यरत अन्तर्राष्ट्रीय समरसता मंच द्वारा संचालित वैश्विक अभियान के अंतर्गत राजनयिक संबंध (वियना अभिसमय) के संदर्भ में नेपाल सरकार के प्रथम उपराष्ट्रपति माननीय न्यायमूर्ति परमानन्द झा के विशिष्ट सलाहकार कार्यालय में श्री मुल सिंह नाथावत एवं डॉ. ओम प्रकाश शर्मा का ग्लोबल एम्बेसेडर (वैश्विक राजदूत) के रूप में मनोनयन किया गया है।
मंच के संयोजक एवं नेपाल सरकार के प्रथम उपराष्ट्रपति के विशिष्ट सलाहकार एडवोकेट डॉ. कुलदीप प्रसाद शर्मा ने दोनों मनोनीत ग्लोबल एम्बेसेडरों को नियुक्ति-पत्र एवं शुभकामनाएँ प्रदान करते हुए उनके उज्ज्वल कार्यकाल की कामना की।
मंच के राष्ट्रीय प्रवक्ता डॉ. चन्द्रशेखर शर्मा ने बताया कि “वसुधैव कुटुम्बकम्”, “ग्लोबल विलेज” एवं “सत्यम् शिवम् सुन्दरम्” की भावना पर आधारित मंच की कार्ययोजनाओं को 25 राष्ट्रों में प्रभावी रूप से आगे बढ़ाने तथा भारत-नेपाल के सामाजिक, सांस्कृतिक एवं मानवीय संबंधों को और अधिक सुदृढ़ करने के उद्देश्य से दोनों समाजसेवियों का चयन किया गया है।
उन्होंने बताया कि दोनों नामों का प्रस्ताव अन्तर्राष्ट्रीय समरसता मंच द्वारा प्रस्तुत किए जाने के उपरांत आवश्यक प्रक्रिया पूर्ण कर उनका मनोनयन किया गया।
नियुक्ति-पत्र प्रदान किए जाने के अवसर पर अन्तर्राष्ट्रीय समरसता मंच के प्रेरक सदस्यों ने श्री मुल सिंह नाथावत एवं डॉ. ओम प्रकाश शर्मा को शुभकामनाएँ एवं बधाई प्रेषित की।
मंच की ओर से यह भी बताया गया कि दोनों ग्लोबल एम्बेसेडरों की नेपाल में माननीय न्यायमूर्ति परमानन्द झा, प्रथम उपराष्ट्रपति (पूर्व), से शिष्टाचार भेंट कराने के लिए समय का अनुरोध किया गया है। स्वीकृति प्राप्त होने पर उन्हें नेपाल में आयोजित कार्यक्रम में भी आमंत्रित किया जाएगा।