बीकानेर, 30 अक्टूबर। एसकेआरएयू तथा मलंग फोक फाउंडेशन के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित थियेटर आधारित व्यक्तित्व विकास कार्यशाला ‘उन्मेष’ का शुक्रवार को समापन हुआ । एसकेआरएयू के विद्या मंडप में आयोजित इस दस दिवसीय कार्यशाला के समापन समारोह में संभागीय आयुक्त श्री विश्राम मीणा तथा रजिस्ट्रार डॉ देवाराम सैनी ने प्रतिभागियों का उत्साहवर्धन किया। कार्यशाला के अंतिम दिन विद्यार्थियों ने नाटक ‘जादुई सूट’ का प्रभावशाली मंचन किया। विद्यार्थियों ने अपने अभिनय, संवाद अदायगी और भाव भंगिमाओं से दर्शकों को मंत्रमुग्ध किया।
कार्यशाला के दौरान प्रतिभागियों को थियेटर की विभिन्न विधाओं एवं बारीकियों का प्रशिक्षण दिया गया। ख्यातनाम थियेटर प्रशिक्षक अजहर गौड़ तथा प्रो. आरती उपाध्याय ने प्रतिभागियों को अभिनय, भावाभिव्यक्ति, संवाद कौशल, शारीरिक भाषा एवं समूह समन्वय से जुड़ी गतिविधियों के माध्यम से प्रशिक्षित किया।
समारोह में संभागीय आयुक्त श्री विश्राम मीणा ने कहा कि थियेटर केवल मनोरंजन का माध्यम नहीं है, बल्कि यह आत्मविश्वास, रचनात्मकता, अभिव्यक्ति कौशल और सामूहिक सहभागिता विकसित करने का सशक्त माध्यम है। इस प्रकार की कार्यशालाएं विद्यार्थियों के व्यक्तित्व के बहुआयामी विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती हैं। रजिस्ट्रार डॉ देवाराम सैनी ने कहा कि थिएटर व्यक्ति को मानवीय भावों की सशक्त अभिव्यक्ति करना सीखता है। यह व्यक्ति को भाव नियंत्रण के साथ-साथ, मानसिक मजबूती प्रदान करने तथा भावों को व्यक्त करने का तरीकों से परिचित करवाता है। जेल अधीक्षक केंद्रीय कारागृह, बीकानेर श्री निरंजन शर्मा ने कहा कि थिएटर कला के माध्यम से व्यक्ति सामाजिक ताने-बाने में खुद को प्रभावी ढंग से स्थापित करने के गुण विकसित कर पता है। उन्होंने प्रतिभागियों को थिएटर से जुड़े रहने के लिए प्रेरित किया।
कार्यशाला संयोजक सहायक प्रोफेसर डॉ. सीमा त्यागी ने बताया कि ‘उन्मेष’ का उद्देश्य विद्यार्थियों को थियेटर की गतिविधियों के माध्यम से अपने व्यक्तित्व को निखारने, आत्मविश्वास बढ़ाने तथा जीवन के विभिन्न पहलुओं को रचनात्मक दृष्टिकोण से समझने का अवसर प्रदान करना था। उन्होंने सभी का आभार व्यक्त किया। करेक्ट फ्रॉम में प्रसार शिक्षा निदेशक डॉ दीपाली धवन, अधिष्ठाता सामुदायिक विज्ञान महाविद्यालय डॉ वीर सिंह यादव, डीन पीजी डॉ राजेश वर्मा, डॉ सुभाष चंद्र बलवदा सहित विश्वविद्यालय के शिक्षकगण अन्य स्टाफ और बड़ी संख्या में विद्यार्थी उपस्थित रहे। इस अवसर पर प्रतिभागियों को प्रमाण पत्र देकर प्रोत्साहित किया गया।
