
बीकानेर। गंगाशहर राेड़ स्थित अग्रवाल भवन परिसर में कृष्णागिरी पीठाधीश्वर जगतगुरु 1008 वसंत विजयानन्द गिरी महाराज की प्रेरणा और सान्निध्य में 19 से 29 मार्च तक आयोजित होने जा रहे विराट आध्यात्मिक महोत्सव चैत्र नवरात्रि विराट कथा यज्ञ महाेत्सव की तैयारियां अंतिम चरण में पहुंच गई हैं। चैत्र नवरात्रि के पावन अवसर पर हो रहे इस आयोजन में श्रद्धालुओं को भक्ति, आध्यात्मिकता और भारतीय कला का अद्भुत संगम देखने को मिलेगा। विशाल मैदान में देशभर से आए कलाकारों द्वारा 9 कुंडीय यज्ञ वेदी, भव्य देवी भागवत कथा पांडाल और विभिन्न देवी-देवताओं के 14 भव्य मंदिरों का अस्थायी निर्माण लगभग पूर्णता की ओर है। अग्रवाल भवन परिसर में प्रवेश करते ही इन मंदिरों और यज्ञ स्थल की भव्यता आयोजन की विराटता का आभास करा रही है।
आयोजन के अंतर्गत अस्थायी रूप से 35 से 45 फीट ऊंचाई तक के 14 भव्य मंदिर बनाए जा रहे हैं। इनमें गणपति मंदिर, भैरव मंदिर, शिव-पार्वती मंदिर, लक्ष्मीनारायण मंदिर, कृष्णगिरी पद्मावती मंदिर, धनदेश्वरी मंदिर, दुर्गा मंदिर, सिद्धिदात्री मंदिर, महागौरी मंदिर, करणी माता मंदिर, ललिता महात्रिपुर सुंदरी मंदिर, सरस्वती मंदिर, श्रीराम परिवार मंदिर और हनुमान मंदिर शामिल हैं। इन मंदिरों में देवी-देवताओं की अत्यंत कलात्मक झांकियां स्थापित की जाएंगी, जो श्रद्धालुओं के लिए विशेष आकर्षण का केंद्र बनेंगी।
गुरुभक्त संकेश जैन के अनुसार कृष्णागिरी पीठाधीश्वर जगतगुरु 1008 वसंत विजयानन्द गिरी महाराज की प्रेरणा और सान्निध्य में आयोजित इस महोत्सव में 9 कुंडीय विराट दिव्य यज्ञ, देवी भागवत कथा और संगीत भजन श्रृंखला का आयोजन होगा। यज्ञ में हजारों किलो मेवे, हजाराें किलाे शुद्ध चंदन की लकड़ियां और हजाराें किलाे देशी घी की आहूतियां दी जाएंगी, जिससे पूरे वातावरण में दिव्य सुगंध और आध्यात्मिक ऊर्जा का संचार होगा। आयोजन का उद्देश्य भक्ति, समानता और सर्वकल्याण की भावना को मजबूत करना है, ताकि श्रद्धालु आध्यात्मिक साधना के माध्यम से सकारात्मक ऊर्जा प्राप्त कर सकें।