
बीकानेर, 16 अगस्त। जल संरक्षण एवं जल के विवेकपूर्ण उपयोग के प्रति जनजागरूकता बढ़ाने के उद्देश्य से रविवार को लूणकरणसर के हँसेरा गांव में जिला स्तरीय ‘जल अर्पण’ कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम में ग्रामीणों, अधिकारियों एवं कर्मचारियों ने जल संरक्षण का संकल्प लिया और आमजन को पानी की एक-एक बूंद बचाने का संदेश दिया।
इस अवसर पर जिला कलेक्टर श्री निशान्त जैन ने कहा कि जल के बिना जीवन की कल्पना संभव नहीं है। वर्तमान समय में पानी का संरक्षण केवल सरकार की जिम्मेदारी नहीं, बल्कि प्रत्येक नागरिक का दायित्व है। उन्होंने ग्रामीणों से पानी का अपव्यय रोकने, वर्षा जल का अधिकाधिक संचयन करने तथा उपलब्ध जल स्रोतों को स्वच्छ एवं सुरक्षित रखने का आह्वान किया।
जिला परिषद की मुख्य कार्यकारी अधिकारी श्रीमती शैलजा पाण्डे ने बताया कि कार्यक्रम के दौरान जल संरक्षण से जुड़ी विभिन्न गतिविधियां आयोजित की गईं। इनमें जल यात्रा, जल बंधन, जल वंदना, जल संकल्प, जल श्रृंगार तथा हर घर जल घोषणा जैसी गतिविधियां शामिल रहीं। कार्यक्रम का उद्देश्य ग्रामीणों को जल स्रोतों के संरक्षण, सुरक्षित पेयजल, स्वच्छता तथा पानी के विवेकपूर्ण उपयोग के प्रति जागरूक करना रहा।
कार्यक्रम के दौरान ग्रामीणों ने जलापूर्ति व्यवस्था को अपनी संपत्ति समझकर उसकी देखभाल करने, पानी का विवेकपूर्ण उपयोग करने और हर घर तक सुरक्षित एवं पर्याप्त पेयजल उपलब्धता सुनिश्चित करने में सहयोग का संकल्प लिया।
इस अवसर पर जिला परिषद की अति मुख्य कार्यकारी अधिकारी ऋतुराज महला, अधिशासी अभियंता श्री मनीष पुनिया, कार्यवाहक विकास अधिकारी श्री जगदीश चौधरी सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी-कर्मचारी, जनप्रतिनिधि एवं बड़ी संख्या में ग्रामीण उपस्थित रहे।