
बीकानेर। राजकीय डूंगर महाविद्यालय के प्रताप सभागार में ष्पर्यावरण स्थिरता एवं विकिरण विष विज्ञान में बहुविषयक अनुसंधानष् ;प्ब्डत्म्ैत्ज्.2026द्ध विषय पर आयोजित होने वाले आगामी अंतरराष्ट्रीय सम्मेलन के आधिकारिक ब्रोशर ;विवरणिकाद्ध का विमोचन समारोह गरिमामय वातावरण में संपन्न हुआ।
समारोह का औपचारिक शुभारंभ मुख्य अतिथि एवं उपस्थित सम्मानित अतिथियों द्वारा मां सरस्वती के समक्ष दीप प्रज्वलन कर किया गया।
कार्यक्रम में महाराजा गंगा सिंह विश्वविद्यालयए बीकानेर के माननीय कुलगुरु प्रोण् नरसी राम बिश्नोई ने मुख्य अतिथि के रूप में शिरकत की और सम्मेलन के ब्रोशर का अनावरण किया।
उन्होंने सभी जन से अपील की कि वे श्प्रकृति के प्रति दयालु बनेंश्।
यह दो दिवसीय अंतरराष्ट्रीय सम्मेलन राजकीय डूंगर महाविद्यालयए बीकानेर द्वारा श्इंडियन सोसाइटी फॉर रेडिएशन बायोलॉजीश् ;प्ैत्ठद्ध के सहयोग से 27 और 28 नवंबर 2026 को आयोजित किया जाएगा। इस आयोजन का मूल ध्येय वाक्य ष्प्रकृति के प्रति दयालु बनेंष् ;ठम ज्ञपदक जव डवजीमत छंजनतमद्ध रखा गया है।
कार्यक्रम के आयोजक एवं राजकीय डूंगर कॉलेज के प्राचार्य प्रोण् ;डॉण्द्ध आरण् केण् पुरोहित ने सभी अतिथियों का स्वागत किया और सम्मेलन की रूपरेखा प्रस्तुत की।
उन्होंने बताया कि इस सम्मेलन का मुख्य उद्देश्य पर्यावरण संरक्षणए सतत विकास और विकिरण विष विज्ञान से जुड़े गंभीर मुद्दों पर वैश्विक स्तर के शोधकर्ताओंए वैज्ञानिकों और शिक्षाविदों को एक साझा मंच प्रदान करना है।
मुख्य अतिथि कुलगुरु प्रोण् नरसी राम बिश्नोई ने अपने संबोधन में कहा कि वर्तमान दौर में पर्यावरण संतुलन और विकिरण के प्रभावों का अध्ययन मानव जीवन और प्रकृति दोनों के संरक्षण के लिए अत्यंत प्रासंगिक है। उन्होंने राजकीय डूंगर कॉलेज की इस पहल की सराहना करते हुए सम्मेलन की सफलता के लिए शुभकामनाएं दीं।
समारोह के समापन पर आयोजन समिति द्वारा सभी गणमान्य अतिथियोंए संकाय सदस्यों और विद्यार्थियों का आभार व्यक्त किया गया तथा शोधार्थियों को इस अंतरराष्ट्रीय सम्मेलन में भाग लेने हेतु आमंत्रित किया गया।
प्रोण् ममता शर्मा ने कार्यक्रम का मंच संचालन किया द्य कार्यक्रम में बीकानेर की सभी उच्च शिक्षण संस्थाओं के प्रमुख सहित नगर की गणमान्य हस्तियां और शोधार्थी भी बड़ी संख्यावमें मौजूद रहे।
उक्त कार्यक्रम के पश्चात् डूंगर महाविद्यालयों के विभागाध्यक्षों के साथ कुलगुरु ने बैठक ली जिसमें शिक्षकों से विश्वविद्यालय का सहयोग करने की अपील है। उन्होंने राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 के अनुरूप रोजगारोन्मुखी पाठ्यक्रम, विद्याार्थियों को अध्ययन के साथ-साथ प्रशिक्षण के अवसर एवं विद्यार्थियों के नियमित अध्यापन पर जोर दिया।
कुलगुरु प्रो. नरसी राम बिश्नोई ने डूंगर महाविद्यालय स्थित राष्ट्रीय इलैक्ट्रोनिकी एवं सूचना प्रौद्योगिकी केन्द्र का भी अवलोकन किया। वहां प्रशिक्षण प्राप्त कर रहे विद्यार्थियों से चर्चा कर कोर्स की जानकारी प्राप्त की तथा विद्यार्थियों को अधिक से अधिक प्रशिक्षण प्राप्त करने की प्रेरणा दी। इस दौरान डूंगर महाविद्यालय के प्राचार्य डाॅ. राजेन्द्र पुरोहित, प्रो. विक्रम जीत एवं केन्द्रीय मंत्री श्री अर्जुनराम मेघवाल जी के निजी सहायक श्री रवि अग्रवाल उपस्थित रहे।