
बीकानेर। उत्तर पश्चिम रेलवे के महाप्रबंधक पंकज शर्मा के बीकानेर आगमन पर जेडआरयूसीसी सदस्य नरेश मित्तल, बीकानेर जिला उद्योग संघ के अध्यक्ष द्वारकाप्रसाद पचीसिया, फोर्टी अध्यक्ष मनमोहन कल्याणी एवं पंकज अग्रवाल ने उनका बुके एवं शॉल ओढ़ाकर स्वागत किया। इस अवसर पर प्रतिनिधिमंडल ने बीकानेर एवं संभाग के यात्रियों की सुविधा से जुड़ी विभिन्न रेल समस्याओं तथा रेल सेवाओं के विस्तार को लेकर महाप्रबंधक को विस्तृत ज्ञापन सौंपा।
ज्ञापन में बताया गया कि बीकानेर से जयपुर के बीच बड़ी संख्या में आम नागरिकों, व्यापारियों, उद्योगपतियों एवं अन्य लोगों का नियमित आवागमन रहता है। ऐसे में बीकानेर-जयपुर के मध्य वंदे भारत ट्रेन शुरू किया जाना अत्यंत आवश्यक है। इससे यात्रियों को कम समय में जयपुर पहुंचने की सुविधा मिलेगी तथा व्यापारिक एवं औद्योगिक गतिविधियों को भी बढ़ावा मिलेगा।
प्रतिनिधिमंडल ने बीकानेर से कालका एवं चंडीगढ़ के लिए सीधी रेल सेवा शुरू करने की मांग भी रखी। वर्तमान में बीकानेर से इन महत्वपूर्ण शहरों के लिए सीधा रेल संपर्क उपलब्ध नहीं होने के कारण यात्रियों को परेशानी का सामना करना पड़ता है। इसी प्रकार बीकानेर-हरिद्वार ट्रेन संख्या 14717/14718 को वर्तमान में सप्ताह में तीन दिन संचालित किए जाने के बजाय प्रतिदिन चलाने तथा इसके समय में आवश्यक परिवर्तन करते हुए योग नगरी ऋषिकेश तक विस्तार करने का सुझाव दिया गया।
ज्ञापन में बीकानेर से उदयपुर के लिए नई सीधी रेल सेवा शुरू करने की मांग भी प्रमुखता से रखी गई। प्रतिनिधिमंडल ने कहा कि बीकानेर एवं संभाग से बड़ी संख्या में लोग उदयपुर आते-जाते हैं, लेकिन वर्तमान में सीधी रेल सेवा उपलब्ध नहीं होने के कारण यात्रियों को अन्य मार्गों पर निर्भर रहना पड़ता है। ऐसे में बीकानेर-उदयपुर नई ट्रेन शुरू होने से आमजन को काफी राहत मिलेगी।
इसके साथ ही बीकानेर संभाग से बड़ी संख्या में लोग तिरुपति क्षेत्र में कार्यरत हैं तथा प्रतिवर्ष बड़ी संख्या में श्रद्धालु तिरुपति बालाजी के दर्शन के लिए जाते हैं। वर्तमान में बीकानेर से तिरुपति के लिए सीधी रेल सेवा उपलब्ध नहीं है। यात्रियों की सुविधा को देखते हुए बीकानेर से तिरुपति के बीच नई साप्ताहिक सुपरफास्ट ट्रेन शुरू करने की मांग की गई।
प्रतिनिधिमंडल ने ट्रेन संख्या 12403/12404 प्रयागराज-जयपुर-बीकानेर सुपरफास्ट एक्सप्रेस के संचालन में भी बदलाव का सुझाव दिया। वर्तमान में यह ट्रेन तीन दिन वाया झुंझुनूं-सादुलपुर-बीकानेर तथा चार दिन बीकानेर से वाया चूरू-रतनगढ़ संचालित होती है। इसे प्रतिदिन बीकानेर से चूरू-फतेहपुर मार्ग से संचालित करने की मांग की गई, जिससे यात्रियों को अधिक सुविधाजनक रेल संपर्क मिल सके।
वहीं ट्रेन संख्या 22632 बीकानेर-मदुरै को रामेश्वरम तक विस्तारित करने का सुझाव दिया गया। प्रतिनिधिमंडल ने बताया कि बीकानेर संभाग से बड़ी संख्या में श्रद्धालु रामेश्वरम सहित दक्षिण भारत के प्रमुख धार्मिक स्थलों की यात्रा करते हैं। ट्रेन के रामेश्वरम तक विस्तार से तीर्थ यात्रियों को सीधी एवं सुविधाजनक रेल सेवा उपलब्ध हो सकेगी।
प्रतिनिधिमंडल ने महाप्रबंधक पंकज शर्मा से इन सभी मांगों पर गंभीरता से विचार करते हुए बीकानेर की रेल सेवाओं के विस्तार एवं यात्रियों की सुविधाओं में बढ़ोतरी के लिए आवश्यक कार्रवाई करने का आग्रह किया। महाप्रबंधक ने प्रतिनिधिमंडल द्वारा रखे गए सुझावों को सुना तथा उचित स्तर पर विचार करने का आश्वासन दिया।
इस अवसर पर नवीन अग्रवाल, भंवरलाल चांडक सहित अन्य गणमान्यजन उपस्थित रहे।